*“जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान के तहत मालतोली एवं किमाणा में आयोजित हुए बहुउद्देशीय शिविर*
*176 से अधिक ग्रामीणों को योजनाओं का लाभ, 47 जनसमस्याओं में से 24 का मौके पर समाधान*
*शासन–प्रशासन और जनता के बीच सीधा संवाद, समस्याओं के समयबद्ध निस्तारण के निर्देश*
मा० मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड के निर्देशानुसार आम जनमानस को केन्द्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने तथा जनसामान्य की समस्याओं के त्वरित एवं प्रभावी समाधान के उद्देश्य से प्रदेशभर में “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान संचालित किया जा रहा है। इसी क्रम में जनपद रुद्रप्रयाग की 27 न्याय पंचायतों में चरणबद्ध रूप से बहुउद्देशीय शिविरों का आयोजन किया जा रहा है।
इसी क्रम में आज दिनांक 22 जनवरी, 2026 को जनपद की दो न्याय पंचायतों में “प्रशासन गांव की ओर” बहुउद्देशीय शिविरों का आयोजन किया गया। यह शिविर राजकीय इंटर कॉलेज मालतोली एवं राजकीय इंटर कॉलेज किमाणा में आयोजित किए गए।
*रा०इ०का० मालतोली में आयोजित शिविर*
न्याय पंचायत सतेराखाल के अंतर्गत रा०इ०का० मालतोली में आयोजित शिविर की अध्यक्षता मा० विधायक केदारनाथ आशा नौटियाल द्वारा की गई। कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने पर विधायक द्वारा सर्वप्रथम विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का निरीक्षण किया गया।
शिविर में उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण, कृषि, पशुपालन, डेयरी, मत्स्य, उद्योग, समाज कल्याण, पंचायती राज/ग्रामीण विकास, स्वास्थ्य विभाग (आयुष्मान आरोग्य शिविर), राजस्व विभाग, महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास, पूर्ति विभाग सहित अन्य विभागों द्वारा स्टॉल स्थापित कर ग्रामीणों को योजनाओं की जानकारी दी गई तथा पात्र लाभार्थियों को मौके पर ही लाभान्वित किया गया।
शिविर के माध्यम से 176 से अधिक ग्रामीणों को विभिन्न योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया। वृद्धावस्था, विधवा एवं दिव्यांग पेंशन, आयुष्मान भारत योजना, राशन कार्ड, आधार सेवाएं, आय/जाति/निवास प्रमाण पत्र, समान नागरिक संहिता (यूसीसी) पंजीकरण, राशन कार्ड ई-केवाईसी, एलपीजी केवाईसी, स्वरोजगार एवं आजीविका से जुड़ी योजनाओं सहित अनेक समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया गया।

विभिन्न विभागीय अधिकारियों द्वारा मंच के माध्यम से योजनाओं एवं आवेदन प्रक्रियाओं की जानकारी दी गई तथा समान नागरिक संहिता (यूसीसी) एवं यूसीसी पोर्टल पर पंजीकरण की प्रक्रिया से भी ग्रामीणों को अवगत कराया गया।
*जनसुनवाई में सामने आईं स्थानीय समस्याएं*
शिविर के दौरान आयोजित जनसुनवाई में ग्रामीणों द्वारा कुल 47 समस्याएं प्रस्तुत की गईं, जिनमें से 24 से अधिक समस्याओं का समाधान मौके पर ही कर दिया गया। शेष समस्याओं के शीघ्र निस्तारण हेतु संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।
ग्रामीणों द्वारा रा०इ०का० मालतोली में विज्ञान एवं अंग्रेजी प्रवक्ताओं के रिक्त पदों, विद्यालय परिसर में चारदीवारी निर्माण, हैंडपंप स्थापना, तथा विभिन्न स्थलों पर विद्युत पोलों में लटकी लाइनों से दुर्घटना की आशंका, कर्कोटेश्वर महादेव मंदिर में सुरक्षा दीवार निर्माण, स्यूल–कमेडा मोटर मार्ग निर्माण, आमड़ाला एवं धौलसरी में पेयजल लाइन, रुद्रप्रयाग–सतेराखाल मार्ग पर क्रैश बैरियर लगाने, वृद्धावस्था पेंशन, सड़क डामरीकरण, मानव–वन्यजीव संघर्ष, विद्युत आपूर्ति, पेयजल, आवास, गौशालाओं, मुआवजा एवं सौर ऊर्जा से संबंधित समस्याएं प्रमुख रूप से उठाई गईं।
*विधायक केदारनाथ आशा नौटियाल का संबोधन*
इस अवसर पर विधायक केदारनाथ आशा नौटियाल ने मा० मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा जनता की समस्याओं के समाधान हेतु इस प्रकार के शिविरों के आयोजन के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि दूरस्थ क्षेत्रों में जाकर जनसमस्याओं का समाधान करना सरकार की प्राथमिकता है, जिससे आम नागरिकों को अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
उन्होंने कहा कि इन शिविरों के माध्यम से ग्रामीणों की समस्याएं उनके क्षेत्र में ही सुनी जा रही हैं और उनका त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जा रहा है। उन्होंने ग्रामीणों से आगामी शिविरों में अधिक संख्या में सहभागिता करने तथा योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान किया।
विधायक ने कहा कि इस क्षेत्र में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं और सभी को मिलकर इसे पर्यटन के रूप में विकसित करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने विद्यालय हेतु फर्नीचर उपलब्ध कराने का भी आश्वासन दिया तथा विश्वास दिलाया कि जनहित से जुड़ी प्रत्येक समस्या के समाधान हेतु सरकार एवं प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
*रा०इ०का० किमाणा में आयोजित शिविर*
वहीं रा०इ०का० किमाणा में आयोजित बहुउद्देशीय शिविर की अध्यक्षता उपजिलाधिकारी जखोली अनिल रावत द्वारा की गई। शिविर में उपस्थित अधिकारियों द्वारा स्थानीय ग्रामीणों की जनसमस्याओं का प्रभावी ढंग से निराकरण किया गया।
इस अवसर पर बीकेटीसी सदस्य विजय कप्रवान, ज्येष्ठ प्रमुख अगस्त्यमुनि शांति चमोला, जिला पंचायत सदस्य गंभीर सिंह, मुख्य विकास अधिकारी राजेंद्र सिंह रावत, जिला विकास अधिकारी अनिता पंवार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रामप्रकाश, खंड विकास अधिकारी अगस्त्यमुनि सुरेश शाह, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. आशीष रावत, मुख्य कृषि अधिकारी लोकेन्द्र बिष्ट, जिला समाज कल्याण अधिकारी टी.आर. मलेठा, तहसीलदार प्रणव पांडे, जिला कार्यक्रम अधिकारी अखिलेश मिश्रा, जिला पर्यटन विकास अधिकारी राहुल चौबे, प्रभारी शिकायत प्रकोष्ठ विनोद भास्कर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
